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यूपी के पुखरायां जिले में 10 हजार दलित करेंगे हिंदू धर्म का त्याग, अपनाएंगे बौद्ध धर्म

Bodh Religion Function
(Image Credits: Dailymotion)

उत्तर प्रदेश में इन दिनों कई दलित परिवार द्वारा हिन्दू धर्म को त्याग करके बौद्ध धर्म में या किसी दूसरे धर्मों में शामिल हो रहे हैं। ऐसे ही उत्तर प्रदेश के एक जिले पुखरायां में अनुसूचित जाति के 10 हजार लोगों द्वारा हिंदू धर्म का त्याग करके बौद्ध धर्म को अपनाने की बात करी जा रही है। कानपूर में दलित पैंथर और अम्बेडकर मेला समिति द्वारा धर्म प्रचार रैली निकाली गई।

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इस रैली का उद्देश्य 19 अक्टूबर को होने वाले बौद्ध धर्म दीक्षा समारोह में उन लोगों को एकत्रित करना हैं जो बौद्ध धर्म अपनाना चाहते हैं। इस मेले में 10 हजार हिन्दू अपना धर्म त्याग कर बौद्ध धर्म अपनाएगें। बता दें कि उत्तर प्रदेश में कानपूर ही एक मात्र ऐसी जगह है जहां बौद्ध धर्म दीक्षा समारोह और ऐतिहासिक शोभायात्रा का आयोजन होता हैं।

दशहरा के दिन जब पूरे देश में लोग रावण दहन की हर जगह खुशियाँ मनाते हैं। वहीँ इसके विपरीत पुखराया में हजारों की संख्या में एकत्रित लोग रावण के दहन होने का दुख मनाते हैं। और यह लोग जय लंकेश के नारे लगाते हैं।

भारतीय दलित पैंथर के प्रांतीय धनीराम ने मीडिया को बताते हुए कहा कि, इस बार 19 अक्टूबर को 25 वाँ बौद्ध धर्म दीक्षा समारोह होने जा रहा है। इस समारोह में 10 हजार लोग हिन्दू धर्म का त्याग करके बौद्ध धर्म की दीक्षा लेंगें। उनका कहना है कि, आज एससी-एसटी एक्ट का विरोध होता है। दलितों के रिज़र्वेशन का विरोध किया जाता है। उन्होंने ये भी कहा कि, जब तक हिन्दू रहते हैं तब तक दलितों के साथ अन्याय और दलितों और पिछड़ों का अपमान होता रहेगा।

उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की और कहा , की जब उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का घर खाली करवाया गया था। तब उसको गौमूत्र से धोकर उसको शुद्ध किया गया था। इससे अभिप्राय है की हमारे देश में अभी भी छुआछूत देखी जा सकती है। यही कारण ही की कानपूर देहात के पुखरायां कस्बे में 10 हजार लोगों ने धर्म परिवर्तन का निर्णय लिया है।


1 Comment

1 Comment

  1. दिलीप कुमार

    October 18, 2018 at 9:05 am

    बहुत ही सराहनीय कदम उठाया जा रहा है |

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