fbpx
ट्रेंडिंग  
ट्रेंडिंग  
देश

मुजफ्फरनगर जेल में भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं से नहीं मिल पाए मेवाणी, प्रशासन ने बताई यह वजह

jignesh-mevani-dalit-leader

गुजरात से विधायक और दलित नेता जिग्नेश मेवाणी जब भीम आर्मी के कार्यकर्ताओ से मिलने पहुचे तो उन्हें मिलने से रोक दिया गया। कहा जा रह है की मेवाणी मुलाकात करने के लिए तय समय के बाद आए थे। जिग्नेश मेवाणी भीम आर्मी के उन सभी कार्यकर्ताओ से मिलने पहुचे थे जो दो अप्रैल को हुई हिंसा के संबंध में मुजफ्फरनगर जिला कारागार में बंद हैं।

Advertisement

जेल अधीक्षक एके सक्सेना बातचीत के दौरान बताया की दलित नेता जिग्नेश मेवाणी को भीम आर्मी के कार्यकर्ताओ से मिलने की अनुमति इसलिए नहीं दी गई क्यूंकि मेवाणी गुरुवार शाम को मुलाकात करने के तय समय के बाद आए थे जिसके कारण उन्हें मिलने की अनुमति नहीं दी गई।

जेल अधीक्षक ने यह भी बताया की विधायक विकास मेदुन, उपकार बावरा और अर्जुन कुमार से मिलने आए थे। आपको बता दे की उपकार बावरा दलित संगठन की जिला इकाई का अध्यक्ष है। सक्सेना ने बताया कि उन पर हिंसा के संबंध में सख्त राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है।

नवंबर में जेल से रिहा हुए भीम आर्मी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद ने कहा था कि अगर कांग्रेस दलित हितैषी होने का दावा करती हैं। कांग्रेस अगर सच मे दलित हितैषी है तो 2019 में गठबंधन करके देश का नेतृत्व बसपा सुप्रीमो मायावती को क्यों नहीं सौंप देती।

आज़ाद ने कहा की कांग्रेस अगर सच में दलित हितैषी है तो कांग्रेस पार्टी को 2019 के लोकसभा चुनाव का नेतृत्व करने का मौका देना चाहिए। कांग्रेस पार्टी को 2019 के चुनाव में बहन जी को प्रधानमंत्री बनवाने में मदद करनी चाहिए।


आज़ाद ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा की बहुजन समाज पार्टी को हमारे पूर्वज कांशीराम ने बनाया था। मैं आज उन्हीं के बताए आदर्शों पर चल रहा हूं. हालांकि मुझको तोड़ने के लिए मुकदमों में फंसाने की कोशिश की जा रही है।

भीम आर्मी चीफ आज़ाद ने मायावती का साथ देते हुए कहा की वह बहुजन समाज पार्टी की बहुत बड़ी नेता है और उन्हें गुमराह किया गया है कि हम समाज को बांट रहे हैं। भीम आर्मी सामाजिक आंदोलन चला रही है। इससे किसी को डरने की जरूरत नहीं है। नाम के साथ ‘रावण’ का नाम जोड़ने और हटाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि मेरे मतदाता पहचान पत्र पर रावण नहीं लिखा है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

To Top

© copyright reserved National Dastak. All right reserved