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कश्मीर मामलो को लेकर महबूबा मुफ़्ती ने मोदी को लगाई फटकार कहा- विशेष दर्जें के साथ छेड़छाड़ ना करें

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(image credits: the telegraph)

सदियों से जम्मू कश्मीर को लेकर बड़ा विवाद चला आ रहा है ऐसे में भारत सरकार ने हमेशा यह कोशिश की गई की कश्मीर में शान्ति बनी रहे। परन्तु कई कारणों से कश्मीर की शान्ति भंग हो जाती है। कई ऐसे मुद्दे है जिनसे कश्मीर में अफवाह फैलने की वजह से मुसीबते बढ़ी है। मोदी सरकार के आने बाद कश्मीर मामले में सियासी उठा पठक ज्यादा तेज़ हो गयी है ऐसे में वह शान्ति बने रहना मुश्किल है। कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ़्ती ने मोदी को सलाह देते हुए कहा है की वह विशेष दर्जे के साथ छेड़ छाड़ न करे।

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जम्मू कश्मीर के विशेष दर्जे के संबंध में कुछ संभावित बड़े फैसले को लेकर घाटी में बढ़ती अटकलों के बीच पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने शुक्रवार को कहा कि अब मामला आर-पार का हो चुका है और भारत ने जनता के बजाय जमीन को तरजीह दी है | महबूबा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील की कि वह राज्य के विशेष दर्जें के साथ छेड़छाड़ ना करें। उन्होंने कहा कि ऐसे कदम के नतीजे अच्छे नहीं होंगे।

महबूबा ने अन्य पार्टियों के नेताओं के साथ शुक्रवार रात को राज्यपाल सत्यपाल मलिक से मुलाकात की और उनसे उन ‘अफवाहों को खारिज करने का अनुरोध किया जिससे घाटी में भय का माहौल पैदा हो गया है’ उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि अपनी विशिष्ट पहचान की रक्षा के लिये जो कुछ भी बाकी बचा है, उसे भारत, जम्मू कश्मीर की जनता से ‘बलपूर्वक छीन’ने की तैयारी में है।

पीडीपी अध्यक्ष ने ट्वीट किया, ‘आप एकमात्र मुस्लिम बहुल राज्य के प्यार को जीतने में नाकाम रहे, जिसने धार्मिक आधार पर विभेद को खारिज किया और धर्मनिरपेक्ष भारत को चुना। अब मामला आर-पार का हो चुका है और भारत ने जनता के बदले जमीन को तरजीह दी है ।

उन्होंने एक और ट्वीट कर कहा, कि मुफ्ती साहब हमेशा कहा करते थे कि कश्मीरियों को जो कुछ भी मिलेगा वह उनके अपने देश भारत से मिलेगा। लेकिन आज ऐसा लगता है कि अपनी विशिष्ट पहचान की रक्षा के लिये उनके पास जो कुछ भी बचा था, यही देश उनसे वह बलपूर्वक छीनने की तैयारी कर रहा है।


महबूब मुफ़्ती ने मोदी को एक तरह से फटकार लगाई है । ऐसे कई मामले सामने आए है जिनसे कश्मीरियों को काफी दिक्क़ते झेलनी पड़ी है और मोदी सरकार ने काफी ढिलाही बरती। 

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