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योगी के शहर में बाबा साहेब की प्रतिमा पर पोती गई कालिख, मचा बवाल

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(Image Credits: Deccan Chronicle)

CM योगी आदित्यनाथ के गढ़ गोरखपुर के संग्रामपुर उनवल में बाबा साहेब आंबेडकर की प्रतिमा पर कालिख पोत दी। प्रतिमा पर कालिख क्यों पोती गई इसका कुछ पता नहीं चल पाया है पर इससे नाराज स्थानीय लोगों ने सड़क जाम कर दिया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों को कार्रवाई का भरोसा दिया, घटना के बाद मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच करने का भरोसा दिया है।

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मामला खजनी थाना के उनवल चौकी अंतर्गत टेकवार चौराहे की है। जानकारी के मुताबिक टेकवार चौराहे पर आंबेडकर मूर्ति लगी हुई है। गुरुवार रात अराजकतत्वों द्वारा मूर्ति पर काला पेंट पोत दिया गया। सुबह जब ग्रामीणों ने देखा तो वे आक्रोशित हो गए और सड़क जाम कर दिया। नाराज ग्रामीणों ने इस दौरान नारेबाजी की और साथ ही ग्रामीणों की मांग है कि बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर की मूर्ति को बदला जाए. वहीं खजनी पुलिस सीसीटीवी फुटेज देख रही है, जिसमें 2 लड़के संदिग्ध दिखाई दे रहे हैं।

फिलहाल पुलिस और प्रशासन यह भी जांच कर रहा है कि किस ने इस मूर्ति को क्षतिग्रस्त किया है? और उसके पीछे उसकी मंशा क्या थी? इससे पहले यूपी के अलग-अलग शहरों में पिछले दिनों भी बाबा साहेब आंबेडकर की मूर्ति को निशाना बनाया गया था। आजमगढ़, मेरठ, एटा में आंबेडकर की प्रतिमा को तोड़ने और नुकसान पहुंचाने की घटनाएं सामने आई थीं।

वही दूसरी खबर मध्यप्रदेश से आई है जहा मध्यप्रदेश के कालापीपल विधानसभा क्षेत्र में दलितों के साथ सार्वजनिक रूप से छुआछूत का मामला सामने आया है। हनुमान जयंती के अवसर पर आयोजित हुए एक कार्यक्रम में ऊंची जाति के लोगों ने खाने के वक्त दलित समाज के लोगों को अपमानित कर दूर कर दिया। दलितों के साथ मंदिरो में लगतार भेदभाव की खबरे देश के कोने कोने से आती रहती है वही दलित समाज के लोग फिर भी मन्दिरों में ना जाने क्यों अपमानित होने जाते है।

दैनिक भास्कर के मुताबिक कालापीपल विधानसभा क्षेत्र के अरनियाकलां गांव में हनुमान जयंती के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में भंडारे की भी व्यवस्था थी। इस कार्यक्रम में पूरा गांव शामिल हुआ था, प्रसाद वितरण के समय यहां ऊंची जाति के लोगों ने दलितों को अलग कर दिया. दलितों को सवर्णों के पास से 100 फीट की दूरी पर प्रसाद खिलाया गया।


दैनिक भास्कर के मुताबिक ज़िले के दलित संगठनों ने इस मामले पर संज्ञान लिया है। संगठनों ने इस मामले में दोषियों के ख़िलाफ़ एट्रोसिटी एक्ट के तहत मुक़दमा दर्ज करने की मांग की है. अजाक्स, अपाक्स, अभा बलाई महासभा, सर्व रविदास समाज, प्रांतीय बलाई विकास मंच, बाबा रामदेव समिति, भीम आर्मी जैसे संगठनों के सदस्य गुरुवार को एसपी-डीएम के समक्ष ज्ञापन सौंपने वाले हैं।

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