fbpx
ट्रेंडिंग  
ट्रेंडिंग  
राजनीति

नितीश ने छोड़ा BJP का साथ, अकेले चुनाव लड़ने का किया ऐलान

nda-ally-jdu-to-contest-alone-in-upcoming-jharkhand-assembly-polls

बिहार में भाजपा के साथ गठबंधन सरकार चला रहे जनता दल यूनाइटिड के मुखिया नीतीश कुमार ने मोदी सरकार का साथ छोड़ दिया है, हालाँकि इस बात की कवायदे पहले से ही लगाई जा रही थी। मोदी सरकार और नितीश कुमार के बीच चल रही अनबन को अब नितीश सरकार ने नया मोड़ दे दिया है। आपको बता दे की इस साल झारखंड में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए भगवा दल से गठजोड़ नहीं करने और अपने दम पर चुनाव लड़ने का रविवार को ऐलान किया। 

Advertisement

जदयू की झारखंड इकाई के प्रमुख सुलखान मुर्मू ने नीतीश कुमार और पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तथा चुनाव रणनीतिकार प्रशांत किशोर के साथ विचार-विमर्श के एक दिन बाद रविवार को पटना में घोषणा की कि झारखंड विधानसभा चुनाव उनकी पार्टी अकेले अपने बलबूते लड़ेगी और वह अब भारतीय जनता पार्टी के साथ होने वाले चुनाव में गठबंधन में नहीं रहेगी। 

सुलखान मुर्मू ने कहा, ‘‘ हमारी कोशिश है कि हम झारखंड में अधिक से अधिक सीटों पर चुनाव लड़ें। हम कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेंगे, यह जीतने वाले उम्मीदवारों की संख्या पर निर्भर करता है। अगर हमें अच्छे उम्मीदवार मिलते हैं तो हम झारखंड की सभी 81 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ेंगे।’’ उन्होंने कहा कि झारखंड के सभी जिला मुख्यालयों पर 20 अगस्त को ‘नीतीश लाओ झारखंड बचाओ ’अभियान शुरू किया जाएगा और इसके पांच दिन बाद 25 अगस्त को रांची में नीतीश कुमार स्वयं चुनावी बिगुल फूंकेंगे।

बिहार में जदयू और भाजपा का लंबे समय से गठबंधन होने के बावजूद मुर्मू ने स्पष्ट किया कि दोनों दलों के बीच झारखंड में कोई गठजोड़ नहीं होगा। उन्होंने यह भी बताया कि जदयू नौ अगस्त को ‘भारत छोड़ो आंदोलन’ और ‘विश्व आदिवासी दिवस’ की वर्षगांठ के अवसर पर झारखंड में बढ़ती घटनाओ के खिलाफ अभियान छेड़ेगी। साथ में, हाल ही में उत्तर प्रदेश के सोनभद्र में शहीद आदिवासियों को न्याय दिलाने के लिए भी अभियान छेड़ेगी ।

जेडीयू पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मुर्मू ने कहा की ,आज झारखंड में जिस तरह का राजनीतिक परिदृश्य है उसमें झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेतृत्व वाला विपक्षी गठबंधन अब बीजेपी गठबंधन को हराने में सक्षम नहीं है। यही वजह है कि यहां पार्टी ने बीजेपी के नेतृत्व वाले गठबंधन के विकल्प के रूप में उभरने का फैसला किया है। बैठक में नीतीश कुमार जी ने सभी 81 सीटों पर बीजेपी और उसके गठबंधन ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन के खिलाफ मजबूत और जिताऊ प्रत्याशी उतारने के लिए कहा है ताकि हम इन्हें कड़ी टक्कर दे सकें।’ 


वही उधर, झारखंड में बीजेपी और उनकी सहयोगी पार्टी के कई नेताओं ने शनिवार को पटना में नीतीश कुमार की मौजूदगी में जेडीयू का दामन थाम लिया। जेडीयू का मानना है कि विधानसभा चुनावों से ऐन पहले इन नेताओं के शामिल होने से पार्टी और मजबूत होगी। 

ReplyReply allForward
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

To Top

© copyright reserved National Dastak. All right reserved